
अगर आप अपना आधार कार्ड अपडेट कराने जा रहे हैं और आधार केंद्र संचालक आपसे निर्धारित शुल्क से अधिक पैसों की मांग कर रहा है, तो अब आपको चुप रहने की जरूरत नहीं है, UIDAI ने अवैध वसूली करने वाले केंद्रों के खिलाफ सख्त रुख अपनाते हुए नया एक्शन प्लान तैयार किया है, अब महज एक कॉल या ईमेल के जरिए ऐसे केंद्रों का लाइसेंस रद्द हो सकता है।
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₹50 का काम और ₹200 की मांग?
अक्सर देखा गया है कि कई आधार सेवा केंद्र संचालक आम नागरिकों से नाम, पता या जन्मतिथि सुधारने (डेमोग्राफिक अपडेट) के लिए ₹50 के बजाय ₹200 से ₹500 तक वसूलते हैं, UIDAI ने स्पष्ट किया है कि यह पूरी तरह अवैध है और भ्रष्टाचार की श्रेणी में आता है।
UIDAI का नया ‘एक्शन’ नंबर: 1947
UIDAI ने नागरिकों की सुविधा के लिए नया हेल्पलाइन नंबर 1947 जारी किया है, यदि कोई केंद्र आपसे ज्यादा पैसे मांगता है या काम करने से मना करता है, तो आप तुरंत इस नंबर पर शिकायत दर्ज करा सकते हैं, यह नंबर IVRS सुविधा के साथ 24 घंटे उपलब्ध है।
शिकायत दर्ज करने के अन्य प्रभावी तरीके
- ईमेल के जरिए: अपनी शिकायत के साथ केंद्र का पता और संचालक का नाम लिखकर help@uidai.gov.in पर भेजें।
- ऑनलाइन पोर्टल: आप सीधे UIDAI रेजिडेंट पोर्टल पर जाकर अपनी शिकायत दर्ज कर सकते हैं।
- सोशल मीडिया: ट्विटर (X) पर @UIDAI को टैग करते हुए अपनी समस्या साझा करें।
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2026 की निर्धारित दरें (Official Charges)
- आधार नामांकन (Enrollment): बिल्कुल मुफ्त।
- अनिवार्य बायोमेट्रिक अपडेट (बच्चों के लिए): मुफ्त।
- डेमोग्राफिक अपडेट (नाम, पता, आदि): ₹50।
- बायोमेट्रिक अपडेट (फोटो, फिंगरप्रिंट): ₹100।
2026 में UIDAI ने सलाह दी है कि नागरिक Bhuvan Aadhaar पोर्टल का उपयोग करके अपने नजदीकी ‘आधिकारिक’ आधार केंद्र का पता लगाएं ताकि वे धोखाधड़ी का शिकार न हों, यदि कोई संचालक रसीद देने से मना करता है, तो यह अनियमितता का पहला संकेत है, अपनी सतर्कता ही आपको ठगी से बचा सकती है।
















