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UP Roadways Insurance Rule: रोडवेज बस की टिकट फेंकने की गलती न करें! इसमें छिपा है 7.5 लाख का फ्री बीमा, जानें दुर्घटना के समय कैसे मिलता है क्लेम

उत्तर प्रदेश राज्य सड़क परिवहन निगम (UPSRTC) की बसों में सफर करने वाले करोड़ों यात्रियों के लिए यह खबर बेहद महत्वपूर्ण है, अक्सर यात्री सफर पूरा होते ही बस का टिकट कूड़े में फेंक देते हैं, लेकिन क्या आप जानते हैं कि वह साधारण सा दिखने वाला कागज का टुकड़ा आपकी सुरक्षा का सबसे बड़ा कवच है? यूपी रोडवेज के नियमों के मुताबिक, हर बस टिकट पर यात्री को लाखों रुपये का मुफ्त बीमा मिलता है

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UP Roadways Insurance Rule: रोडवेज बस की टिकट फेंकने की गलती न करें! इसमें छिपा है 7.5 लाख का फ्री बीमा, जानें दुर्घटना के समय कैसे मिलता है क्लेम
UP Roadways Insurance Rule: रोडवेज बस की टिकट फेंकने की गलती न करें! इसमें छिपा है 7.5 लाख का फ्री बीमा, जानें दुर्घटना के समय कैसे मिलता है क्लेम

 उत्तर प्रदेश राज्य सड़क परिवहन निगम (UPSRTC) की बसों में सफर करने वाले करोड़ों यात्रियों के लिए यह खबर बेहद महत्वपूर्ण है, अक्सर यात्री सफर पूरा होते ही बस का टिकट कूड़े में फेंक देते हैं, लेकिन क्या आप जानते हैं कि वह साधारण सा दिखने वाला कागज का टुकड़ा आपकी सुरक्षा का सबसे बड़ा कवच है? यूपी रोडवेज के नियमों के मुताबिक, हर बस टिकट पर यात्री को लाखों रुपये का मुफ्त बीमा मिलता है।

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टिकट नहीं, यह है आपका बीमा कार्ड

यूपी रोडवेज प्रशासन के अनुसार, बस का टिकट केवल यात्रा का रसीद पत्र नहीं है, बल्कि एक बीमा पॉलिसी की तरह काम करता है। यदि यात्रा के दौरान बस किसी दुर्घटना का शिकार होती है, तो टिकट के आधार पर ही यात्री या उसके परिजनों को मुआवजे की राशि दी जाती है।

किसे और कितना मिलता है मुआवजा?

परिवहन निगम के मौजूदा नियमों के तहत, दुर्घटना की स्थिति में मुआवजे की श्रेणियां इस प्रकार निर्धारित की गई हैं:

  • यात्री की मृत्यु होने पर: दुर्घटना में जान गंवाने वाले यात्री के आश्रितों को 7.5 लाख रुपये तक की बीमा राशि प्रदान की जाती है।
  • गंभीर चोट या विकलांगता पर: यदि दुर्घटना में यात्री स्थाई रूप से विकलांग हो जाता है या गंभीर चोट आती है, तो उसे 3.75 लाख रुपये तक की आर्थिक सहायता दी जाती है।
  • सामान्य उपचार: मामूली रूप से घायल यात्रियों के इलाज का खर्च भी निगम द्वारा वहन किया जाता है। 

क्लेम के लिए ‘टिकट’ है अनिवार्य शर्त

मुआवजा पाने के लिए सबसे पहली और अनिवार्य शर्त मूल टिकट (Original Ticket) का होना है। बिना टिकट के यह साबित करना नामुमकिन हो जाता है कि पीड़ित व्यक्ति उसी बस में सवार था, इसके अलावा, यदि आपने UPSRTC की वेबसाइट से ऑनलाइन टिकट बुक किया है, तो आपके मोबाइल पर आया SMS या ई-मेल भी क्लेम के लिए मान्य होता है।

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ऐसे करें क्लेम: स्टेप-बाय-स्टेप प्रक्रिया

दुर्घटना की स्थिति में पीड़ित परिवार इन चरणों का पालन करके क्लेम प्राप्त कर सकता है:

  •  मूल बस टिकट को संभाल कर रखें।
  •  दुर्घटना के बाद संबंधित थाने में दर्ज FIR की प्रति जरूर लें।
  • अस्पताल से मिलने वाली मेडिकल रिपोर्ट, डिस्चार्ज समरी या मृत्यु प्रमाण पत्र (यदि लागू हो) प्राप्त करें।
  • क्लेम फॉर्म भरकर संबंधित क्षेत्र के डिपो प्रबंधक या क्षेत्रीय प्रबंधक कार्यालय में जमा करें।
  •  दुर्घटना के बाद बिना देरी किए आवेदन करना चाहिए ताकि सत्यापन की प्रक्रिया समय पर पूरी हो सके।

अगली बार जब आप यूपी रोडवेज की बस में चढ़ें, तो टिकट को यात्रा खत्म होने के बाद भी तब तक सुरक्षित रखें जब तक आप गंतव्य पर सुरक्षित न पहुंच जाएं, यह छोटी सी सावधानी आपके परिवार के भविष्य के लिए बड़ी सुरक्षा साबित हो सकती है, अधिक जानकारी के लिए यात्री परिवहन निगम की हेल्पलाइन का उपयोग कर सकते हैं।

UP Roadways Insurance Rule
Author
Divya

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